» दिवालिया योग
 

 

लग्नेश निर्बल हो तथा अष्टमेश ४, ५, या ९वें स्थान पर हो |
 
लाभेश व्यय भाव में हो |
 
भाग्येश और दशमेश व्यय स्थान पर हों |
 
पंचम स्थान मे शनि तुला राशि का हो |
 
द्सरे घर का मालिक ९, १०, या ११वें स्थान पर हो |